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शुक्रवार, 30 मार्च 2018

कोलगेट में ये एक चीज मिलाने से रातों-रात फटी एड़ियों से मिलेगा छुटकारा

कोलगेट में ये एक चीज मिलाने से रातों-रात फटी एड़ियों से मिलेगा छुटकारा


जैसे हम खूबसूरत नजर आने के लिए तरह-तरह के उपाय करते है उसी तरह हमें फटी एड़ियों के लिए भी कुछ न कुछ नुस्खों को अपनाना चाहिए. क्योंकि फटी एड़ियों के होने की वजह से हमारी पैरों की खूबसूरती कम हो जाती है और कभी-कभी तो इतने ज्यादा एड़िया फट जाती है कि चला भी नहीं जाता हैं. इसलिए आज हम आपके लिए एक ऐसा नुस्खा लेकर आए है, जिसे करने से आपकी फटी एड़ियां बिलकुल पहले की तरह मुलायम बन जाएगी.

क्यों फटती हैं एड़ियां

पैरों की एड़ियों के फटने का सबसे बड़ा कारण होता हैं, पैरों में ड्रायनेस होना. अगर आपकी स्किन ड्राय है तो इस वजह से आपकी एड़ी फट जाती है. इसलिए रोजाना पैरों की एडियों पर मॉइस्चराइज क्रीम लगानी चाहिए.

फटी एड़ी होगी सही

सबसे पहले एक कटोरी लें और इसमें आधा चम्मच कोलगेट डाल दें. इसके बाद इसमें 1 ईवीएम की कैप्सूल डाल दें और फिर इन दोनों को अच्छे से मिला दें. इस तरह से आपका एक पेस्ट तैयार हो गया है.

इस तरह करें इस्तेमाल

अब आपको इस पेस्ट को रोजाना सोने से पहले अपनी फटी एड़ियों पर लगाना है और सुबह उठने के बाद साफ पानी से पैरों को धो लेना है. ऐसा नियमित रूप से करने से आपके पैरों की फटी एड़ियां बिलकुल सही हो जाएंगी.

गुरुवार, 28 दिसंबर 2017

पैरों का दर्द पल भर में हो जाएगा गायब ट्राई करें ये घरेलू नुस्खे !

पैरों का दर्द पल भर में हो जाएगा गायब ट्राई करें ये घरेलू नुस्खे !


ज्यादा देर तक खड़े रहने या फिर चलने की वजह से पैरों में दर्द की शिकायत होना वैसे तो आम समस्या है लेकिन अगर आपके पैरों में आए दिन दर्द रहता है और उसके साथ ही कमज़ोरी भी महसूस होती है तो इस समस्या को हल्के में ना लें.

पैरों में बार-बार होने वाले दर्द से निजात पाने के लिए आमतौर पर लोग डॉक्टर की मदद लेते हैं लेकिन अगर आप कुछ घरेलू नुस्खों का इस्तेमाल करके अपने पैरों की देखभाल करेंगे तो भी आपको इस समस्या से काफी हद तक राहत मिल सकती है. आइए हम आपको घरेलू उपचार बताते हैं जो आपके पैरों का दर्द पल भर में गायब कर सकते हैं और इन नुस्खों से किसी नुकसान का डर भी नहीं है.
1- सिरका
सूजन मोच या ऐंठन की वजह से अगर आपके पैरों में दर्द हो रहा है तो फिर इससे राहत पाने के लिए आप सिरके का इस्तेमाल कर सकते हैं. आपको बता दें कि सिरका पैरों में होनेवाले दर्द का कारगर इलाज है. इसके लिए एक बाल्टी गर्म पानी में दो बड़ा चम्मच सिरका मिलाएं और एक छोटा चम्मच सेंधा नमक मिलाएं. अब इस पानी में अपने पैरों को करीब 20 मिनट के लिए डूबाकर रखें. इस नुस्खे से आपको तुरंत आराम मिलेगा.
2- सेंधा नमक
सेंधा नमक पैरों के दर्द से निजात दिलाने का एक असरदार घरेलू नुस्खा है. इस नुस्खे को आज़माने के लिए एक टब में गर्म पानी डालें फिर उसमें 2-3 चम्मच सेंधा नमक मिलाएं. इसके बाद टब में अपने पैरों को 10 से 15 मिनट के लिए डालकर रखें. इससे आपको पैरों के दर्द से तुरंत आराम मिलेगा.
3- आइस थेरेपी
पैरों के सूजन और असहनीय दर्द को कम करने के लिए आइस थेरेपी एक कारगर नुस्खा माना जाता है. इस नुस्खे को आज़माने के लिए एक छोटे से प्लास्टिक की थैली में कुचले हुए बर्फ के कुछ टुकड़े डालें और दर्द को दूर करने के लिए सर्कुलर मोशन में प्रभावित हिस्से की मालिश करें. इससे पैर के सूजन को कम करने में मदद मिलेगी. लेकिन ध्यान रखें कि आइस पैक का उपयोग एक वक्त में 10 मिनट से ज्यादा देर तक नहीं करना है.

4- लौंग का तेल
लौंग का इस्तेमाल सदियों से औषधि के रुप में किया जा रहा है. खासकर लौंग के तेल को सिरदर्द, जोड़ों के दर्द, एथलीट फुट और पैरों के दर्द को दूर करने वाला एक अद्भुत तेल माना जाता है. पैरों के दर्द से राहत पाने के लिए लौंग के तेल से पैरों में धीरे-धीरे मालिश करें. बेहतर परिणाम के लिए दिन में दो से तीन बार इस तेल से अपने पैरों की मालिश करें.

5- सरसों के बीज
सरसों के बीजों का इस्तेमाल आमतौर पर शरीर से विषाक्त पानी निकालने, रक्त परिसंचरण में सुधार करने के लिए किया जाता है. इसके अलावा सरसों के बीज पैरों के दर्द और उसके सूजन को दूर करने के भी काम आते हैं. पैरों के दर्द से राहत पाने के लिए सरसों के कुछ बीजों को लेकर पीस लें और फिर इन्हें एक बाल्टी गर्म पानी में मिलाएं, फिर अपने पैरों को इस पानी में 10 से 15 मिनट के लिए डालकर रखें.

गौरतलब है कि ये 5 घरेलू नुस्खे पैरों का दर्द जल्दी गायब करने के लिए बेहद कारगर माने गए हैं. इसलिए अब जब भी आपको पैरों में दर्द की शिकायत हो तो इन घरेलू नुस्खों को इस्तेमाल करके ज़रूर देखें.

गुरुवार, 21 दिसंबर 2017

रात को सोने से पहले इनमें से कोई भी एक चीज लगाए चेहरे पर, फिर देखें ये चमत्कार !

रात को सोने से पहले इनमें से कोई भी एक चीज लगाए चेहरे पर, फिर देखें ये चमत्कार !


लड़कियां खुद को दूसरी लडकियों से ज्यादा सुंदर लगने के लिए बहुत मेहनत करती हैं. वो खाली समय में इंटरनेट और टीवी पर खुद को सुंदर बनाने वाले घरेलू नुस्खों को देखकर खुद पर आजमाती हैं, उन्हें लगता है कि ऐसा करने से वो सच में सुंदर लगने लगेगी. ऐसा करते हुए कई बार लड़कियां अपनी त्वचा को नुक्सान पहुंचा देती हैं. आज हम आपको कुछ ऐसे छोटे-छोटे घरेलू नुस्खे बताने जा रहे हैं, जिनको अगर आप रात को करते हैं, तो कुछ ही दिनों में आपका चेहरा चमकने लगेगा.

एलोवेरा जूस
एलोवेरा के बहुत से फायदों के बारे में आपने सुना ही होगा. जैसे अगर आप अपने पैरों के तलवे पर एलोवेरा का रस लगाते हैं, तो आपके पैरों में होने वाली जलन कम हो जाती हैं. चेहरे पर चमक लाने के लिए भी एलोवेरा का इस्तेमाल किया जा सकता है. एलोवेरा के जूस को रुई की मदद से अपने चेहरे पर लगाए और कुछ समय बाद चेहरा धो ले. ऐसा करने से त्वचा में मौजूद ड्रायनेस कम होने लग जाती हैं.
कच्चा दूध
ऐसा कहा जाता है कि कच्चे दूध को चेहरे पर लगाने से चेहरे की सारी डेड स्किन निकल जाती हैं और त्वचा पर नया निखार आता है. अगर आप कम समय में चेहरे पर जल्दी निखार लाना चाहते हैं, तो आपको रोज रात को चेहरे पर कच्चा दूध लगाना चाहिए.

ग्रीन टी
आपको ये बात जानकार हैरानी होगी कि ग्रीन टी का इस्तेमाल चेहरे की चमक बढ़ाने के लिए भी किया जाता है. चेहरे पर चमक लाने के लिए आपको ग्रीन टी को रुई की मदद से अपने चेहरे पर लगाना है. इसको स्किन पर लगाने से स्किन पर एक अलग तरह की चमक आ जाती हैं.

गुलाब जल
ये बात तो सभी को अच्छे से पता है कि गुलाब जल हमारी त्वचा के लिए बहुत ज्यादा फायदेमंद होता है. गुलाब जल को चेहरे पर लगाने से हमारी त्वचा  मुलायम हो जाती हैं. अगर आपकी स्किन थोड़ी सी भी टाइट है, तो आपको गुलाब जल में दूध की मलाई मिलाकर अपने चेहरे पर लगानी चाहिए.

शहद
चेहरे के दाग-धब्बों को हटाने के लिए शहद में थोड़ा सा नींबू मिलाकर चेहरे पर लगाने से बहुत फायदा होता है और कुछ दिन तक ऐसा लगातार करने से ये दाग-धब्बे खुद ही हल्के पड़ने लग जाते हैं.

सोमवार, 18 दिसंबर 2017

अगर आपके पैरों में भी रहती है सूजन, तो जरुर पढ़िए

अगर आपके पैरों में भी रहती है सूजन, तो जरुर पढ़िए


आज के समय में पैरों का सूज जाना कोई बड़ी बात नहीं हैं, लेकिन बहुत सी समस्याओं की वजह से हमारे पैर सूज जाते हैं. जैसे वजन बढ़ जाने से, बहुत देर तक कुर्सी पर पैर लटकाकर बैठने से या ठीक से खाना ना खाने से. इन सभी कारणों से पैरों में सूजन आ जाती हैं. इसके अलावा ये समस्या सर्दियों के मौसम में ज्यादा बढ़ जाती हैं. आज हम आपको पैरों में सूजन होने की ओर दूसरी वजहों के बारे में बताने जा रहे हैं.

दिल से जुड़ी हुई बीमारियों या किडनी से जुड़े हुए रोग होने की वजह से हमारे शरीर में सूजन आने लग जाती हैं, क्योंकि किडनी सोडियम को अपने अंदर संचित कर लेती हैं. बहुत सी महिलाओं को हर महीने होने वाले मासिक धर्म से पहले शरीर में सूजन आने लग जाती हैं, जिसके पीछे की वजह होती हैं महिलाओं के शरीर में एस्ट्रोजन हार्मोन की मात्रा का बढ़ जाना और किडनी पानी को ज्यादा मात्रा में शरीर के अंदर जमा करने लगती हैं, जिस वजह से सूजन आ जाती हैं.
इंसान के शरीर में तरल पदार्थों का बैलेंस बनाये रखने में पोटैशियम और सोडियम की अहम भूमिका होती हैं. हम खाने में नमक को लेकर सोडियम की कमी को तो काफी हद तक पूरा कर लेते हैं, लेकिन हम पोटैशियम का कम मात्रा में सेवन कर पाते हैं. नमक का बहुत ज्यादा सेवन करने से हमारा ब्लड प्रेशर बढ़ जाता है और पानी शरीर में ही रुक जाता है, जिस वजह से हमारे पैरों में सूजन आ जाती हैं.
मोटापा होने से बहुत सी बीमारियां हमारे अंदर घर करने लग जाती हैं. ओडिमा भी ऐसी ही एक बीमारी हैं. जिन भी स्त्रियों को मोटापे की बीमारी होती हैं, उन्हें ये बीमारी होने का खतरा बहुत ज्यादा होता है, क्योंकि मोटे होने की वजह से एस्ट्रोजन हार्मोन की मात्रा बढ़ जाती हैं और हमारे शरीर में सूजन आने लग जाती हैं.

रविवार, 15 अक्तूबर 2017

मधुमेह में पैरों का मामूली जख्म भी खतरनाक, इस तरह करें पैरों की देखभाल

मधुमेह में पैरों का मामूली जख्म भी खतरनाक, इस तरह करें पैरों की देखभाल


मधुमेह से रोगियों के पैरों में मामूली जख्म भी खतरनाक हो सकता है। मधुमेह रोगियों पर किए गए एक नए अध्ययन में बताया गया है। अध्ययन के आकलन के अनुसार, टाइप 2 मधुमेह के निदान के दौरान कम से कम 10 में से एक रोगी के पैर में क्षति की आशंका देखी गई है। अध्ययन से पता चला कि भारत में 7.4 से 15.3 प्रतिशत मधुमेह रोगियों के पैरों में तकलीफ होती है। ऐसे में इसकी जल्द पहचान कर उपचार करा लेना चाहिए। डॉक्टरों का कहना है कि नहीं तो हालत गंभीर हो सकती है। एक छोटी सी चोट से भी बाद में संक्रमण हो सकता है और पैर काटना भी पड़ सकता है। 

मधुमेह रोगियों के पैर में होने वाली इस समस्या को डायबेटिक फुट कहते हैं। इसमें संक्रमण के चलते ऊतक सड़ सकते हैं और जिसमें अल्सर के कारण तंत्रिका संबंधी कई समस्याएं हो सकती हैं। इससे रक्त के संचरण संबंधी विकार का खतरा बन जाता है और उपापचय की जटिलताएं हो सकती हैं।
इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) के अध्यक्ष पद्मश्री डॉ. के. के. अग्रवाल ने कहा कि मधुमेह होने पर यह जरूरी है कि रोजाना पैरों की जांच की जाए। थोड़ी सी भी चोट या पैर की अंगुली या नाखून के संक्रमण से अल्सर हो सकता है। मधुमेह से पैर की नसें क्षतिग्रस्त हो सकती हैं। अगर दर्द न हो तो ऐसी छोटी मोटी चोटें नजरअंदाज भी हो सकती हैं। इसके अलावा उच्च रक्तचाप, धूम्रपान, कोलेस्ट्रॉल और मोटापे के कारण मधुमेह रोगी के पैर में रक्त प्रवाह कम हो सकता है। इन सबके चलते रोगों में दोबारा संक्रमण होने पर समस्या और बढ़ जाती है। मधुमेह प्रभावित पैर से जुड़ी कुछ अन्य जटिलताओं में अल्सर, संक्रमण, सेप्टीसीमिया, गैंगरीन, विकृति और अंग का नुकसान हो सकता है।
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मधुमेह के रोगी के पैरों में होने वाली समस्याएं

मधुमेह प्रभावित रोगी के पैर के कुछ संभावित कारणों में प्रमुख हैं- न्यूरोपैथी यानी तंत्रिका क्षति, वस्कुलोपैथी (रक्त वाहिकाओं में रुकावट), पैर की विकृति, संक्रमण और एडिमा (सूजन)। मधुमेह प्रभावित पैरों के इलाज के लिए दुर्गंध और संक्रमण के नियंत्रण पर ध्यान देना चाहिए। 

पैरों को नमी से बचाएं
आईएमए के अध्यक्ष डॉ. के. के. अग्रवाल ने बताया कि मधुमेह पीड़ित लोगों को अपने पैरों की हर साल जांच करानी चाहिए। यदि पैर में कोई चोट लगी हो, नाखून खराब हो गया हो या पैर में किसी भी प्रकार का दर्द महसूस हो तो चिकित्सक से सलाह जरूर लेना चाहिए। ग्लाइसेमिक नियंत्रण, पैर की नियमित जांच, सही जूते और नमी से बचाकर पैरों की रक्षा की जा सकती है।
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इस तरह पैरों की देखभाल करें 

- शर्करा के स्तर की जांच करें : रक्त शर्करा के स्तर को सही रेंज में रखने के लिए अपने चिकित्सक की ओर से सुझाई गई जीवनशैली का पालन करें।
- हर दिन अपने पैरों की जांच करें : किसी भी तरह के लाल धब्बे, छीलन, सूजन या छाले पर ध्यान दें। 
- शारीरिक रूप से सक्रिय रहें : प्रतिदिन कम से कम 30 मिनट का व्यायाम जरूर करें। 
- पैरों को साफ रखें : हर दिन पैरों को धोकर सावधानी से सुखा लें, खासकर पैर की उंगलियों के बीच के हिस्से को।
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- अच्छी तरह से मॉइस्चराइज करें : अपने पैरों के ऊपरी और निचली ओर मॉइस्चराइजर की एक पतली परत लगाएं। 
- आरामदायक जूते और मोजे पहनें : नंगे पैर न चलें। आरामदायक जूते मोजे ही पहनें। सुनिश्चित करें कि अस्तर चिकना हो और आपके जूते के अंदर कोई चुभने वाली चीज न हो। 
- पैरों में रक्त परिसंचरण सुनिश्चित करें : बैठने पर पैरों को ऊपर की ओर रखें। पैर की उंगलियों को घुमाएं और अपने टखनों को पांच मिनट तक दिन में दो या तीन बार ऊपर-नीचे करें। 
- अपने नाखूनों को नियमित रूप से काटें।

बुधवार, 4 अक्तूबर 2017

हो जाइये सावधान ! अगर बैठे-बैठे पैर हिलाने की है आदत !

हो जाइये सावधान ! अगर बैठे-बैठे पैर हिलाने की है आदत !


जब भी हम कभी फ्री बैठे होते हैं तो खेल-खेल में अपने पैरों को हिलाने लगते हैं।
उसके बाद ये खेल धीरे-धीरे आदत में शुमार होने लगता है। लेकिन यदि आपको बैठने के साथ-साथ लेटकर भी पैरों को हिलाने की आदत है तो ज़रा सावधान हो जाइये क्योंकि पैरों को हिलाने की ये आदत आपके लिए खतरनाक साबित हो सकती है।


पैर हिलाने की आदत आपके व्यक्तित्व में तो गिरावट लाती ही है साथ ही सेहत के लिहाज से भी ये ठीक नहीं है। आइये जानते हैं पैर हिलाने के क्या-क्या कारण हो सकते हैं।

यदि आप के अंदर भी ये बुरी आदत है तो हो सकता है आप रेस्टलेस सिंड्रोम के शिकार हों। इसकी मुख्य वजह आयरन की कमी होना है।

35 वर्ष से अधिक लोगों में पाई जाती है ये समस्या
यह नर्वस सिस्टम से जुड़ा रोग है। यह समस्या 10 प्रतिशत लोगों में होती ही है, इसके लक्षण अधिकतर 35 वर्ष से अधिक उम्र के लोगो में पाए जाते हैं।

क्या होता है रेस्टलेस सिंड्रोम
पैर हिलाने पर मनुष्य के शरीर में डोपामाइन नामक हार्मोन स्त्रवित होने लगता है। जिससे मनुष्य को अच्छा लगने लगता है और उसे बार-बार पैर हिलाते रहने का मन करता है।

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इसे स्लीप डिसऑर्डर भी कहा जाता है नींद पूरी न होने पर मनुष्य बहुत थका हुआ महसूस करता है। बॉडी में इसका पता लगाने के लिए ब्लड टेस्ट किया जाता है।

यह रोग मुख्यतः आयरन की कमी के कारण होता है। इसके अलावा किडनी, पार्किंसस से पीड़ित मरीजों और गर्भवती महिलाओं के हार्मोनल बदलाव भी इसके होने के कारण हो सकते हैं।

ह्रदय रोगियों के लिए खतरा
शुगर, बीपी और ह्रदय रोगियों के लिए ये काफ़ी खतरनाक साबित हो सकता है। इसलिए भरपूर नींद लें और सिगरेट शराब के सेवन से बचें।

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इलाज है संभव
इस बीमारी के इलाज के लिए आयरन की दवा ली जाती है साथ ही हॉट और कोल्ड बाथ तथा वाइब्रेटिंग पैड पर पैर रखने से छुटकारा भी मिलता है।

सोमवार, 25 सितंबर 2017

एड़ी के दर्द से छुटकारा पाने के घरेलु उपचार

एड़ी के दर्द से छुटकारा पाने के घरेलु उपचार


महिलाओं में एक आम समस्या देखी जाती है वह है एडियों में दरारें पडऩा। इन दरारों के कारण कई बार उन्हें अत्यधिक दर्द का सामना करना पड़ता है।आइए जानते हैं एडियों के दर्द से छुटकारा पाने के कुछ टिप्स-

- पैरों की उंगलियों को प्वाइंट करने जैसी साधारण कसरत बहुत प्रभावी सिद्ध होती है। सिर्फ अपनी टांग उठाएं और अपने पैरों को तब तक घुमाएं जब तक इनकी उंगलियां नीचे की ओर प्वाइंट न करें। थोड़ी देर रुकें और रिलैक्स करें। अब ऐसा ही दूसरी टांग के साथ भी करें।इस क्रिया से टांगों की मांसपेशियों में खिंचाव पैदा होता है और एड़ी के दर्द से राहत मिलती है।

- एक अन्य उपाय है पैर के नीचे एक गेंद को घुमाना।यह आपके पांव को एक बेहतर मसाज देता है।एक टैनिस या एंटी स्ट्रैस बॉल लें और हल्के दबाव के साथ पैर के नीचे इसे घुमाएं। 2 मिनट के बाद ऐसा ही दूसरे पैर के साथ भी करें। इससे आपको एकदम उठने वाली ऐंठन तथा एड़ी के दर्द इत्यादि से राहत मिलती है।

- आप ‘शॉर्ट फुटिंग’ भी आजमा सकती हैं। यह एक साधारण कसरत है जिसमें आप बिना जूते पहने खड़ी होकर पैरों की उंगलियों को नीचे की ओर खींच कर पैर के आर्च को सिकोड़ती हैं।इससे आपके पैरों में सिकुडऩ पैदा होती है और आपको आराम मिलता है।यह सिकुडऩ आपके पैरों को मसाज करती है।
- हर सुबह ‘काफ स्ट्रैचेका’ करें। इसके लिए दीवार के सामने खड़ी हो जाएं।अपने हाथों को दीवार पर रखें और अपनी एडियों को फर्श पर सपाट रखें।धीरे-धीरे आगे की ओर स्ट्रैच करें और फिर पहले वाली स्थिति में आ जाएं।

- स्पैशल जैल इनसोल पहनना हमेशा याद रखें। ये इनसोल पैरों की उंगलियों को टाइट महसूस होने से रोकते हैं और एड़ी की बॉल को अपने स्थान पर बनाए रखने में सहायक होते हैं।

-किसी ऊंची जगह पर बैठकर पैरों को लटका कर पंजों को गोल-गोल कई बार घुमाएं। पैरों की उंगलियों को पहले तो अपनी तरफ खींचें, फिर बाहर की तरफ।

- एक्युप्रैशर विधि से भी एड़ी में खून का दौरा बढऩे से दर्द में राहत मिलती है। दिन में कई बार गर्म पानी से एड़ी की सिंकाई करें।

शनिवार, 16 सितंबर 2017

एड़ी में आई मोच को ठीक करने के लिए असरदार घरेलू उपचार

एड़ी में आई मोच को ठीक करने के लिए असरदार घरेलू उपचार


एड़ी में आई मोच किसी असमतल जगह पर चलने, दौड़ने, या कोई अन्य मुश्किल गतिविधि करने के कारण हो सकती है जिसके दौरान आपकी ऐड़ी मुड़ जाती है। एंड़ी के मुड़ जाने से एंड़ी के लिगामेंट्स खिंच जाते हैं या टूट जाते हैं।

एड़ी में आई मोच एक सामान्य चोट हो सकती है लेकिन इसका मतलब ये नहीं है कि इसके दौरान आपको दर्द कम होता है। यह सामान्य चोट तब लगती है जब आपका टखना या एड़ी अचानक एक तरफ मुड़ जाती है। एसा तब होता है जब आप किसी असमतल जगह पर चल, दौड़ रहे, या कोई अन्य गतिविधि कर रहे होते हैं। एड़ी के मुड़ जाने से एड़ी के लिगामेंट्स खिंच जाते हैं या टूट जाते हैं। लिगामेंट्स रेशेदार ऊतक होते हैं जो हड्डियों से जुड़ होते हैं और आपकी एड़ी को सपोर्ट करते हैं। इस दौरान आप प्राथमिक चिकित्सा के जरिए इसके दर्द को कम कर सकते हैं। कुछ घरेलू उपचार इसमें लाभकारी हैं। आइए जानते हैं एड़ी में आई मोच को ठीक करने के लिए कौन से घरेलू उपचार असरदार हैं।

सबसे पहले आराम: 
अगर आपकी एड़ी में मौच आ गई है तो सबसे पहले आपको जो काम करना है वो है आराम। अपनी एड़ी पर 48 घंटे के समय तक किसी तरह का वजन ना रखें। इतने समय के बाद सूजन और दर्द सामान्य तौर पर कम हो जाता है। इसके बाद भी एक साथ अधिक वजन ना उठाएं। धीरे-धीरे शुरुआत करें। उतना आराम करें तब तक कि आप सहज महसूस ना करने लगे।

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बर्फ से सिकाई:
एक तौलिये या किसी साफ कपड़े में बर्फ लेकर 20 मिनट के लिए प्रभावित हिस्से की सिकाई करें। हर घंटे इस उपचार को दोहराएं। दिन में तीन से चार बार सिकाई करना पर्याप्त होगा। इससे आपको जल्दी राहत मिलेगी। बर्फ को सीधे से अपनी त्वचा पर अप्लाई ना करें। 

हल्दी और नमक का लेप: 
एड़ी की मोच को ठीक करने के लिए लेप काफी असरादर साबित होता है। हल्दी में पाया जाने वाला कुरकुमिन एक मजबूत और बेहतरीन एंटी-इंफ्लेमेट्री तत्व है जो एड़ी की मोच के दौरान होने वाली सूजन और दर्द को कम करता है। कुरकुमिन आपके शरीर में कोर्टिसोन को बढ़ाता है। कोर्टिसोन एक हार्मोन है जो सूजन से लड़ता है।

गुलाब जल:
गुलाब जल को लोग इसकी प्यारी महक के लिए जानते हैं लेकिन क्या आप जानते हैं कि इसका उपयोग एड़ी की मोच के दौरान भी कर सकते हैं। गुलाब जल इंफ्लेमेशन को कम करने के लिए असरकारक होता है। गुलाब जल में मौजूद प्राकृतिक एंटीसेप्टिक तेल और एसट्रिंजेन्ट टैनिन एड़ी की सूजन को कम करते हैं साथ ही दर्द से राहत दिलाने में मदद करते हैं।

गुरुवार, 10 अगस्त 2017

आपके पैरों से आती है दुर्गंध तो अपनाएं ये पांच उपाय

आपके पैरों से आती है दुर्गंध तो अपनाएं ये पांच उपाय


शरीर की दुर्गंध कम करने के लिए बाज़ार में तरह-तरह के प्रोडक्ट्स हैं. लेकिन, पैरों से आने वाली बदबू को दूर करने के उपाय बहुत कम मिलते हैं. ऐसे में कई बार बाहर जूते उतराने में भी शर्मिंदगी उठानी पड़ती है.

पैरों में आने वाली इस बदबू को ब्रोमिहाइड्रोसिस कहते हैं. ये समस्या ज्यादातर उन लोगों को होती है, जिनके पैरों का पसीना सूख नहीं पाता है. जब ये पसीना बैक्टीरिया के संपर्क में आता है तो पैरों से बदबू आने लगती है. यह एक आम समस्या है लेकिन इसका समाधान भी है, जो हम घर बैठे भी कर सकते हैं. जानिए इस समस्‍या से निपटने के कुछ घरेलू उपाय :

1. बेकिंग सोडा: बेकिंग सोडा पैरों से आने वाली बदबू को दूर करने का एक कारगर उपाय है. बेकिंग सोडा पसीने के पीएच स्‍तर को सामान्य रखता है. इसकी मदद से बैक्टीरिया को नियंत्रित रखा जा सकता है. सबसे पहले आप थोड़े से गुनगुने पानी में बेकिंग सोडा घोल लें. इस घोल में बीस मिनट तक पैर डुबोएं रखें. ऐसा आप दो-तीन दिन में एक बार जरूर करें. थोड़े ही दिनों में पैरों की बदबू से निजात मिल जाएगी.

2. लैवेंडर ऑयल: लैवेंडर ऑयल से न सिर्फ अच्छी खुशबू आती है बल्कि यह बैक्टीरिया को खत्म करने में भी फायदेमंद है. इस तेल में एंटी फंगल गुण होते हैं, जिससे हमारे पैरों की बदबू कम हो जाती है. आप हल्के गर्म पानी में लैवेंडर ऑयल की कुछ बूंदे डालकर पैर डुबोकर बैठ जाएं. ऐसा दिन में दो बार करें.

3. फिटकरी: फिटकरी में एंटीसेप्ट‍िक गुण मौजूद हैं, जिसकी वजह से बैक्टीरिया को आसानी से खत्म किया जा सकता है. थोड़े से पानी में एक चम्मच फिटकरी डालें. अब इस पानी से पैर धोएं. कुछ दिन ऐसा करने से पैरों की बदबू आसानी से दूर होने लगेगी.

4. ब्लैक टी बैग्स: ब्लैक टी में टैनिक एसिड होता है, जिससे बदबू फैलाने वाले बैक्टीरिया को आसानी से खत्म किया जा सकता है. इसके लिए आप थोड़े से गर्म पानी में चार-पांच ब्लैक टी बैग्स डाल दें. दस मिनट में बैग्स निकालकर अलग रख दें. अब इस पानी में पैरों को भिगो दें. कम से कम 20 मिनट तक पैरों को पानी में भीगने दें और फिर ठंडे पानी से धोकर पैर सुखा लें.

5. जूतों और जुराबों को रखें साफ: सबसे ज्यादा जरूरी है कि आप अपने जूते और मोजे को साफ-सुथरा रखें. जूतों और मोजों को साफ रखने से पैरों से आने वाली बदबू को आसानी से नियंत्रित किया जा सकता है. हर दिन जुराबें धोएं. जूतों के अंदर थोड़ा सा बेकिंग सोडा डालें. इससे आपके जूतों से आ रही दुर्गंध कम होगी.

रविवार, 9 जुलाई 2017

फटी एड़ियों से छुटकारा पाने के घरेलू उपचार, जरुर आजमाइए

फटी एड़ियों से छुटकारा पाने के घरेलू उपचार, जरुर आजमाइए


पैरों की एड़ियों के फटने के बारें में तो आपने सुना ही होगा। ज्यादातर लोग इस समस्या से पीडित रहते है जिसके चलते उन्हें कितने प्रकार की समस्या को झेलना पड़ता है इस प्रकार की समस्या ज्यादातर रूखी त्वचा वालों को ही ज्यादा होती है इसके होने से दर्द के साथ खुजली होती है जिससे खून का रिसाव भी काफी मात्रा में होने लगता है। आज हम अपने इस आर्टिकल में इसी से जुड़े कुछ तथ्यों से आपको परिचित करा रहे है। जिसे जानकर आप इसका उपचार घर बैठे ही कर सकते है और इस समस्या से निदान पा सकते है। जाने एड़ियों की उचित देखभाल के लिए कुछ सरल घरेलू उपचार जो आसानी के साथ आपकी इस समस्या का समाधान कर सकते हैं।

1. ऑयल-
एडियो के फटने का सबसे बड़ा कारण पैरों में नमी का ना होना इसके लिये आप हमेशा पैरों में जूते चा चप्पल को पहने। इसके अलावा पैरों की उचित देखभाल करने के लिये आप उन तेलों का उपयोग करें जो आपकी त्वचा में अच्छे से अवशोषित होकर अच्छा परिणाम देता है इसके लिये आप जैतून का तेल, नारियल तेल, तिल के तेल की मालिश कर आप फटी एड़ियों की हर समस्या से मुक्ति पा सकती है। यह तेल आपकी फटी एड़ियों का सबसे बढ़िया उपचार है

इन तेलों का उपयोग करने के लिये आप सबसे पहले कुछ मिनट के लिए गर्म गुनगुने पानी में अपने पैर को 10 मिनिट तक डाल कर रखें। इसके बाद पैरों को किसी खुरदुरी चीज से रगड़े। जिससे मृत त्वचा कोशिकाओं से छुटकारा मिलें इसके बाद अने पैरों को अच्छी तरह से धोकर सुखा लें। और पैरों की तेल से मालिश करें। इसके बाद सूती मोजे पहनें और सो जाये।इस तरह से आप इन उपायों को रोज करें।

2. गुलाब जल और ग्लिसरिन-
गुलाब जल के साथ ग्लिसरिन का संगम आपकी त्वचा की हर समस्याओं से छुटकारा पाने का सबसे अच्छा उपचार माना जाता है जिसका उपयोग अब ज्यादातर स्किनकेयर उत्पादों और साबुन में किया जाने लगा है। क्योंकि ग्लिसरीन में हरा रंग का प्रकृतिक मॉइस्चराइजिंग मिलता है। जो आपकी त्वचा में नमी लाकर उसे मुलायम बनाने में मदद करता है। और इसी तरह से गुलाब जल में एंटीऑक्सीडेंट तत्व की भरपूर मात्रा पाई जाती है जो त्वचा को सुंदर मुलायम बनाकर निखार लाने का काम करती है इन दोनों का उपयोग करने के लिये आप गुलाब जल और ग्लिसरीन को बराबर मात्रा में लेकर इस मिश्रण को एक बोतल में सुरक्षित रख लें। रात को सोने से पहले हमेशा अपने एड़ियों पर लगाकर अच्छी तरह से मालिश करके ही सोयें।

3. चावल का आटा-
त्वचा को सुंदर चमकदार निखार पाने के लिये चावल का आटा सबसे अच्छा प्राकृतिक उपचार माना गया है। जिसका उपयोग करने से आप त्वचा की मृत कोशिकाओं से छुटकारा पा सकती है। इसका उपयोग करने के लिये आप चावल के आटे को लेकर फटी हुई एड़ियों पर लगाये। काफी जल्द ही आपको इसके फायदे देखने को मिल जायेगें।

त्वचा में स्क्रब करने के लिये ये सबसे अच्छा तरीका है चावल के आटे से बना स्क्रब पेस्ट बनाने के लिये आप 1 बड़ा चम्मच चावल के आटे में 2 चम्मच शहद और 2 चम्मच सेब के सिरका को मिलाकर एक मिश्रण तैयार करें। इस मिश्रण का उपयोग करने से पहले आप गुनगुने पानी में पैरों को डालकर उसकी गंदगी को अच्छी तरह से साफ कर लें फिर इस पेस्ट को अपने हाथ एंव पैरों पर लगायें। सूख जाने के बाद इसे गर्म पानी से धो लें। ऐसा आप महिनें में 2 से 3 बार दोहराये जल्द ही इसके अच्छे परिणाम आपको देखने को मिल जायेगें।

4.पेट्रोलियम जेली या वैसलीन-
पेट्रोलियम जेली को एक बेहतर वैसलीन के रूप में जाना जाता है, जिसका उपयोग काफी समय से पड़ी त्वचा की परतों की दरारों और पपड़ीदार सतह को दूर करने के लिए किया जाता रहा है। यह काफी अच्छे तरीके से त्वचा की सुरक्षा कर त्वचा को एक नई जान प्रदान करने महत्वपूर्ण भूमिका अदा करती है।

इसका उपयोग करने के लिये आप सबसे पहले गर्म पानी में अपने पैरों को 10 मिनट के लिए डूबों कर रखें। और इसका बाद किसी खुरदुरी चीज से अपने पैरों को रगड़कर त्वचा में पड़ी मृतकोशिकाओं को अलग करें। पैरों को अच्छी तरह से साफ करने के बाद उसे पूरी तरह से सुखा लें फिर पेट्रोलियम जेली से अपने पैरों की मालिश करे। इसके बाद सूती मोजे को पहनकर रखें। इसके परिणाम आपको तुंरत ही मिलने लगेगें।

5. पैराफिन वेक्स-
एड़ी पर पड़ी दरारों के साथ उसके दर्द से निजात पाने के लिये पैराफिन वेक्स सबसे अच्छा उपाय है। पैरों की फटी एड़ियों को दूर करने के लिये इसका उपयोग करने से आपको इसके अच्छे परिणाम तुंरत ही देखने को मिलेगें।

एक छोटे से वर्तन में पैराफिन वैक्स के साथ नारियल का तेल या जैतून के तेल को मिलाकर मिश्रण तैयार करें। तैयार हुये इस मिश्रण को थोडा सा गर्म कर लें। गर्म करने के बाद इसे आप अपनी फटी हुई एडियों पर लगायें। इससे पैरों की नमी वापस लौट आयेगी, और पैरों में होने वाला दर्द भी कम होगा। इस मिश्रण को रात भर लगा रहने दें और सुबह उठकर पानी से धो लें। इससे त्वचा पड़ी मृतकोशिकाये भी दूर हो जायेगी।

मंगलवार, 27 जून 2017

पैरों के दर्द से निजात पाने के उपाय

पैरों के दर्द से निजात पाने के उपाय


आज के समय में पैरों में दर्द होना एक आम समस्या बन गई है। आपके एक पैर या दोनों पैरों में हल्का दर्द या तेज दर्द हो सकता है। पैरों में दर्द होने पर आप खुद को असहज महसूस करते है और किसी भी काम में आपका मन भी नहीं लगता है।

पैरों में दर्द होने का कारण शरीर में कमजोरी, पोषक तत्वों की कमी, डिहाइड्रेशन और लम्बे समय तक खड़े रहने या लम्बे समय तक बैठे रहने की वजह से पैरों में दर्द होने लगता है। ऐसे में पैरों की मांसपेशियों में ऐंठन और थकान की वजह से पैरों में दर्द, पैर सुन्न हो जाना या उनमें झुनझुनी सी महसूस होने लगती है। आइये हम आपको पैरों के इस दर्द से छुटकारा पाने के लिए कुछ उपाय बताते हैं।

बर्फ से सिंकाई
दिन भर काफी भागदौड़ और शारीरिक मेहनत के बाद पैरों में होने वाले दर्द से निजात पाने के लिए आप पैरों की बर्फ से सिंकाई कर सकते हैं। इससे आपको दर्द में आराम मिलेगा और मांसपेशियों की सूजन भी कम होगी।

बर्फ की सिंकाई करने का तरीका: 
कुछ बर्फ के टुकड़ों को एक पतले तौलिए में लपेटें और इससे पैरों में दर्द वाली जगह की 10 से 15 मिनट तक सिंकाई करें। लेकिन यह ध्यान रखें कि सीधे तौर पर बर्फ का इस्तेमाल त्वचा पर ना करें।

मसाज
मांसपेशियों को होने वाले नुकसान की वजह से होने वाले पैरों के दर्द से छुटकारा पाने के लिए मसाज एक बेहतर उपाय है। थेरेपी से पैरों की सूजन और ज्यादा एक्सरसाइज की वजह से मसल्स को होने वाले नुकसान से छुटकारा पाया जा सकता है। मसाज से खून का बहाव तेज हो जाता है जिससे मसल्स में होने वाले तनाव में आराम हो जाता है।

मसाज करने का तरीका: ऑलिव, नारियल या सरसों के तेल को हल्का गर्म करें और प्रभावित जगह पर 10 मिनट तक मसाज करें। ऐसा दिन में 2 से 3 बार करने से पैर दर्द में आराम मिल जाता है।

शनिवार, 24 जून 2017

पैरों के तलवों में होने वाली जलन को इस तरह करें दूर

पैरों के तलवों में होने वाली जलन को इस तरह करें दूर


गर्मी के मौसम में पैरों के तलवों में जलन होना आम बात है. यह समस्या किसी भी उम्र के व्यक्ति को हो सकती है. कई बार शुगर बढ़ने और शराब का अधिक सेवन करने की वजह से भी पैरों में जलन होने लगती है. पैरों में जलन होने पर लोग कई तरह की क्रीम और लोशन का इस्तेमाल करते हैं लेकिन इससे सिर्फ उस समय ही आराम मिलता है, कुछ देर के बाद दोबारा जलन होने लगती है. ऐसे में कुछ घरेलू उपाय करके इस समस्या से छुटकारा पाया जा सकता है. आइए जानिए पैरों के तलवों पर होने वाली जलन के लिए क्या करें.

हल्दी
पैरों में जलन होने पर हल्दी का इस्तेमाल कर सकते हैं. हल्दी में मौजूद एंटी-इंफ्लेमेंटरी गुण पैरों में जलन को कम करके आराम पहुंचाता है. इसके लिए 1 गिलास पानी में आधा चम्मच हल्दी को मिलाकर पीएं. दिन में दो बार ऐसा करने से जलन दूर होगी. इसके अलावा 2 बड़े चम्मच हल्दी में पानी मिलाकर पेस्ट बनाएं और इसे दिन में 1-2 बार पैरों के तलवों के नीचे लगाने से भी फायदा मिलता है.

ठंडा पानी
इसके लिए टब में ठंडा पानी भरें और फिर इस पानी में पैरों को कुछ मिनट के लिए भिगोकर रखने से पैरों को ठंडक मिलती है. इसके अलावा पैरों पर बर्फ भी लगा सकते हैं.

सेब का सिरका
पैरों की जलन को दूर करने के लिए सेब का सिरका भी काफी फायदेमंद है. इसके लिए 1 गिलास गर्म पानी में 1-2 बड़े चम्मच सेब का सिरका मिलाकर मिश्रण तैयार करें. इसे रोजाना पीने से जलन कम होती है. इसके अलावा गर्म पानी में 2 बड़े चम्मच सेब का सिरका और थोड़ी मात्रा में समुद्री नमक मिलाएं. इस पानी में 20 मिनट तक पैरों को भिगो कर रखने से भी फायदा होता है.

सेंधा नमक
पानी को गुनगुना करके टब में भरें और उसमें आधा कप सेंधा नमक मिलाएं. इस पानी में 10-15 मिनट के लिए पैरों को भिगोकर रखें. कुछ दिनों तक लगातार इस उपाए को करने से जलन दूर होगी और यह मधुमेह और उच्च रक्त चाप के रोगियों को भी फायदा पहुंचाता है.

अदरक
पैरों की जलन को दूर करने के लिए अदरक का इस्तेमाल भी कर सकते हैं. इसके लिए थोड़े से गुनगुने नारियल तेल में 1 चम्मच अदरक का रस मिलाएं और इस तेल से पैरों के तलवों की मसाज करने से फायदा होता है.

करेला
इसके लिए करेले की पत्तियों को पीसकर उसका पेस्ट बनाएं और प्रभावित जगह पर लगाएं. इस उपाय से पैरों की जलन बहुत जल्दी कम हो जाएगी.

शुक्रवार, 5 मई 2017

जूते पहनने के बाद आती है पैरों से बदबू तो आजमाएं ये नुस्खे...

जूते पहनने के बाद आती है पैरों से बदबू तो आजमाएं ये नुस्खे...


गर्मियां आते ही पसीने की परेशानी शुरू हो जाती है. इसके लिए हम डियो से लेकर परफ्यूम तक की मदद लेते हैं. पर गर्मियों की एक और बड़ी प्रॉबलेम है जूते से आने वाली दुर्गंध. ऑफिस या घर में जूतों से पैर बाहर निकालते ही आसपास के लिए नाम बंद करने लगते हैं. कई बार इसके चलते शर्मिंदगी भी उठानी पड़ जाती है. पैरों से आने वाली बदबू को ब्रोमिहाइड्रोसिस के नाम से भी जाना जाता है.

आमतौर पर ये समस्या उन लोगों को होती है जिनके पैरों से पसीना सूख नहीं पाता है. हम सभी की त्वचा पर बैक्टीरिया तो रहते हैं और जब यह पसीना इन बैक्टीरिया के संपर्क में आता है तो पैरों से बदबू आने लग जाती है.
बाजार में पैरों की बदबू को दूर करने का कोई बहुत कारगर उपाय नहीं है लेकिन बहुत से ऐसे घरेलू उपाय है, जिन्हें आजमाकर आप इस समस्या को दूर कर सकते हैं...
1. बेकिंग सोडा 
सोडियम कार्बोनेट को ही साधरण शब्दों में बेकिंग सोडा के नाम से जाना जाता है. पैरों से आने वाली बदबू को दूर करने का यह एक बेहद कारगर और आसान उपाय है. यह पसीने के pH लेवल को सामान्य रखता है और बैक्टीरिया को नियंत्रित करने में कारगर होता है. हल्के गुनगुने पानी में बेकिंग सोडा मिला लें. 15 से 20 मिनट तक पैर पानी में ही डुबोए रखें. कुछ हफ्तों तक यह उपाय करने से फायदा होगा.

2. लैवेंडर ऑयल 
लैवेंडर ऑयल न केवल अच्छी खूशबू देता है बल्कि यह बैक्टीरिया को मारने में भी असरदार है. इस तेल में एंटी-फंगल गुण पाए जाते हैं जो पैरों की बदबू को दूर करने में बहुत फायदेमंद रहते हैं. हल्के गर्म पानी में कुछ बूंदें लैवेंडर ऑयल की डालकर पैरों को उसमें कुछ देर के लिए डुबोकर रखें. दिन में दो बार ऐसा करना फायदेमंद रहेगा.

3. फिटकरी 
फिटकरी कसैली होती है और इसमें एंटी-सेप्ट‍िक गुण भी पाया जाता है. यह बैक्टीरिया को बढ़ने से रोकती है. एक चम्मच फिटकरी पाउडर को एक मग पानी में डालकर उससे पैर धोएं. कुछ दिनों में बदबू की समस्या दूर हो जाएगी.

4. रोड़ा नमक 
रोड़ा नमक भी पैरों की इस समस्या को दूर करने में बहुत कारगर है. यह पसीने से होने वाले संक्रमण और बैटीरिया को दूर करने में मददगार होता है. इसका इस्तेमाल भी फिटकरी की ही तरह किया जा सकता है.

5. अदरक और सिरका 
आप चाहें तो पानी में सामान्य सिरका मिलाकर उससे पैर धो सकते हैं या फिर अदरक के रस को पैर पर मल लें और बाद में गुनगुने पानी से पैर धो लीजिए. ऐसा करने से पैरों की बदबू चली जाती है.



6. पैर रखें साफ 
सबसे आखिर में मगर सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि जूते पहनने से पहले आप यह सुनिश्च‍ित कर लें कि आपके पैर तो साफ हैं न. क्योंकि ऐसा पाया गया कि गंदे पैर जूते पहनने से ज्यादा बदबू आती है.

बुधवार, 19 अप्रैल 2017

अगर पैर रहते है हर वक़्त ठन्डे, तो अपनाये ये घरेलु उपचार।

अगर पैर रहते है हर वक़्त ठन्डे, तो अपनाये ये घरेलु उपचार।


हमें अक्‍सर पैरों में दर्द होने लगता है। पैरों के दर्द की कई वजहें हो सकती हैं, मसलन मांसपेशियों में सिकुड़न, मसल्स की थकान, ज्यादा वॉक करना, एक्सरसाइज, स्ट्रेस, ब्लड क्लॉटिंग की वजह से बनी गांठ, घुटनों, हिप्स व पैरों में सही ब्लड सर्कुलेशन न होना। पानी की कमी, सही डाइट ना लेना, खाने में कैल्शियम व पोटेशियम जैसे मिनरल्स और विटामिंस की कमी, अंदर गहरी चोट होना, किसी प्रकार का संक्रमण हो जाना, नाखून का पकना आदि। कई बार शरीर की हड्डियां कमजोर होने से भी पैरों में दर्द की शिकायत हो जाती है।

- गरम तेल से करें मसाज ठंडे पैर को गरम तेल (जैतून, नारियल या तिल) से मालिश करें। इससे पैरों में रक्‍त संचार बढ़ेगा और पैर गर्म हो जाएंगे। उसके बाद मोजे पहन कर सो जाएं। ऐसा रोज रात को सोने से पहले करें और अगर दिन में जरुरत पड़े तो भी कर सकते हैं। 
 - मैग्नीशियम सल्फेट का प्रयोग एक टब में गर्म पानी लें और इसमें आधा कप मैग्नीशियम सल्फेट घोलें। इस पानी में 15 से 20 मिनट तक पैरों को डुबोकर रखें। हफ्ते में दो बार इस विधि को अपनाएं, फायदा मिलेगा। 
 - अदरक 2 कप पानी में 1 चम्‍मच अदरक के टुकडे को 10 मिनट तक उबाल कर छान लें। फिर उसमें शुद्ध शहद मिला कर 2 या 3 बार दिन में पियें। 
 - ग्रीन टी पिएं दिन में 2-3 कप ग्रीन टी पिएं, ध्यान रहे कि ग्रीन टी में चीनी की जगह शहद का इस्तेमाल करें और दूध कतई न मिलाएं। इसके अलावा 3-4 ग्रीन टी बैग्स को एक बड़े बर्तन में गर्म पानी में डालें और इस पानी में दस मिनट तक पैरों को भिगोकर रखें। इस विधि को दिन में दो अपनाएं। 
 - घास पर चलें सुबह घास पर नंगे पांव टहलें। इसी दौरान पांव की एक्‍सरसाइज भी करें। करीबन 30 मिनट तक चलें, आपको फायदा होगा। 
 - आयरन युक्‍त आहार खाएं जिन लोगों में आयरन की कमी होती है, उनके शरीर के अंगों तक ऑक्‍सीजन की सप्‍लाई ठीक से नहीं हो पाती, जिस वजह से उनके पैर ठंडे हो जाते हैं। आयरन की कमी को दूर करने के लिये खजूर, सेब, दाल, बीसं, रेड मीट, पालक, सोया बीन, टोफू औबर आदाम आदि खाने चाहिये।

गुरुवार, 13 अप्रैल 2017

लगातार हाई हील पहनने से शरीर को होने वाले ख़तरे

लगातार हाई हील पहनने से शरीर को होने वाले ख़तरे


“हाई हील पहनने से शरीर को होने वाले ख़तरे“ शायद इस वाक्य को महिलाएं गम्भीरता से न लें। यह इसलिए, क्योंकि हाई हील महिलाओं के फुटवियर का एक अहम हिस्सा है। अलग-अलग मौकों और ज़रुरत के अनुसार महिलाएं हील की चप्पल, सैंडल और जुतियां पहनती हैं। हालांकि, हील पहनने से पैरो समेत शरीर के कई अंगो पर क्या असर पड़ता है या उन्हें क्या समस्याएं हो सकती हैं, इसके बारे में महिलाओं को जानकारी नहीं होती। इस बात को अब डॉक्टर भी मानते हैं कि हील के नियमित प्रयोग से महिलाओं को घुटनों की समस्या समेत अनेकों प्रकार की समस्याएं होनी शुरू हो जाती है।

लगातार हाई हील पहनने से शरीर को होने वाले ख़तरे, निम्न हैं-

पैर- व्यक्ति के पैरों की बनावट शरीर का भार सहने और उन्हें खड़ा रखने के हिसाब से बनाई गई है। पैर पूरे शरीर को संतुलित रखते हैं। पैरों की मदद से चलने, दौड़ने, उचकने आदि कामो में हड्डी के ढाँचे (कंकाल) को झटके झेलने और संतुलन बनाए रखने में मदद मिलती है। जितनी लंबी हील होती है, पैरों पर उतना ही दबाव पड़ता है। उदाहरण के तौर पर; 4 इंच की हील पैर के अगले हिस्से पर शरीर के वज़न का 30% से अधिक दबाव डालती है। नियमित रूप से हील पहनने से, पैर को टेढ़ी स्थिति में रखना पड़ता है जिससे पैरों की हड्डियां कमजोर हो जाती हैं। यहाँ तक कि इससे नाखूनों की बनावट भी बिगड़ने का डर रहता है।

टखने और पिंडलियां- हील पहनने की वजह से पैर अपनी प्राकृतिक स्थिति से कहीं अधिक कोण पर मुड़ जाते हैं। इस कारण पैरों और आस-पास के अंगो में रक्त संचार कम हो जाता है। लंबे समय तक हील पहनने से यह दबाव खून का सचार लगभग पूरी तरह रोक देता है, जिससे वहां मौजूद स्पेल स्पाइडर नसें क्षतिग्रस्त हो सकती हैं। हील पहन कर अधिक समय तक चलने से एचिलिस टैंडन पर जोर पड़ता है जिस से वह कड़ी हो सकती हैं।

घुटने- इंसान के शरीर में उसके घुटने सबसे बड़े जोड़ होते हैं। किसी शारीरिक काम में यह झुक कर एक शॉक एब्जॉर्बर (झटका सहन करने वाले) स्प्रिंग की तरह काम करते हैं। हाई हील से घुटनो पर अंदर की तरफ दबाव पड़ता है। अगर ऐसा लगातार होता रहे तो घुटनो को होने वाला नुक्सान ठीक नहीं किया जा सकता।

कूल्हे और कमर- हाई हील पहनने से महिला के कूल्हे और कमर पर अप्राकृतिक जोर पड़ता है। साथ ही हील पहनी महिला को एक ख़ास पोज़ में खड़ा रहना या चलना पड़ता है, जिनसे स्थाई कमर दर्द की समस्या हो सकती है।

हाई हील का इस्तेमाल करके मिली अतिरिक्त लंबाई हड्डियों के ढाँचे को नुक्सान करती है। जिस से हड्डी उतरने (डिसलोकेट) होना, टूटना और मांसपेशीयों को नुक्सान हो सकता है।

शनिवार, 21 जनवरी 2017

पैरों की दुर्गंध से छुटकारा पाने के घरेलू उपाय

पैरों की दुर्गंध से छुटकारा पाने के घरेलू उपाय


अकसर जो लोग लंबे समय तक जूते पहने रखते हैं या जिनके पैरों में अत्यधिक पसीना आता है जिससे पैरों में से बदबू आने लगती है। पैरों की बदबू की समस्या से छुटकारा पाने के लिए इसके कारणों को जानना जरूरी है। अगर आप लंबे समय तक जूते पहने रहते हैं, तो गर्मी और नमी के कारण आपके पैरों में बदबू पैदा करने वाले जीवाणु पैदा होते हैं। जूतों के अंदर, पैरों के आसपास गर्म और नमी भरा वातावरण रहता है जो जीवाणुओं को पैदा करने में मदद करता है। हमारे पैरों में काफी संख्या में पसीने की ग्रंथि मौजूद होती हैं, जो पैरों की दुर्गंध का एक अन्य कारण है। 

इस बदबू के कारण हमें बहुत बार अपने दोस्तों और रिश्तेदारों के बीच शर्मिंदा होना पड़ता है। हम जानते हैं आप भी इस समस्या का सामाधान चाहते हैं, तो हम आज कुछ आसान तरीके लाए है जिनकी मदद से आप इस बदबू से आसानी से छूटकारा पा सकते हैं..

1. अपने जूतों और मोज़ो को साफ रखें
जूतों और जर्राबों को साफ रखने से आप बड़ी आसानी से अपने पैरों से दुर्गंध को आने से रोक सकते हैं। रोज अपनी जर्राबों और कपड़े से बने जूतों को धोएं। चमड़े के जूतों को थोड़ी देर के लिए धूप में रखें। जूतों के अंदर थोड़ा सा बेकिंग सोड़ा ड़ाले तथा यह आपके जूतों से दुर्गंध को हटाने में मदद करेगा।

2. पानी और चाय की पत्ती
अगर पैरों की बदबू आपके लिए एक गंभीर समस्या बन चुकी है, तो इस समस्या से निजात पाने के लिए गर्म पानी और चाय की पत्ती के नुस्खें को आजमाएं। एक टब में गर्म पानी ड़ाले और फिर उस में चाय की पत्ती या टी-बेग डालें। लग-भग आधे घंटे के लिेए अपने पैरों को इस गर्म पानी में रहने दें।

3. सेब का सिरका
एक टब गर्म पानी में सेब का सिरका डालें और अपने पैरों को इस पानी में थोड़ी देर के लिए रहने दें। यह बड़ी आसानी से पैरों की दुर्गंध को दूर भगा देगा। आप चाहे तो अपनी बदबूदार जर्राबों को भी इस पानी में थोड़ी देर के लिेए भिगो सकते हैं।

4. जीवाणुरोधी साबुन
यह आपके पैरों की दुर्गंध को दूर भगाने का एक अच्छा तरीका है। दिन में दो बार अपने पैरों को जीवाणुरोधी साबुन और गर्म पानी से धोएं। यह बदबू पैदा करने वाले जीवाणुओं को पैदा होने से रोकता है।

5. चावल का पानी
चावल को आधे घंटे के लिए पानी में भिगोएं और फिर इस पानी को छान लें। अब इस पानी में अपने पैरों को डूबोएं और देखना आपके पैरों से दुर्गंध फिर कभी नहीं आएगी।

6. कोषेर नमक
अगर आपके पैरों में बहुत पसीना आता है, तो नमक का इस्तेमाल इस समस्या को कम कर सकता है। एक टब में पानी लें और उस में थोड़ा सा कोषेर नमक ड़ालें। नमक को पानी में अच्छी तरह मिलाएं और फिर अपने पैरों को थोड़ी देर के लिए इस पानी में डुबोएं। फिर, अपने पैरों को पानी से निकाल कर पोच लें याद रखें कि अपने पैरों पर दुबारा पानी ना ड़ालें।

7. पाउडऱ का इस्तेमाल
जिस तरह आप डिओडोरेंट का इस्तेमाल अपने शरीर के विभिन्न हिस्सों पर करते हैं, उसी तरह उसका प्रयोग अपने पैरों पर भी करें। इस से निश्चित रुप से आपके पैरों की दुर्गंध कम होगी और आपके पैर लंबे समय तक महकेगें। पसीने को आने से रोकने के लिए आप पाउडऱ का भी इस्तेमाल कर सकते हैं।

8. सही आहार
पैरों की दुर्गंध का आपके खान पान से एक गहरा रिश्ता है। अगर आपके आहार में प्याज, काली मिर्च, लहसुन जैसी चीज़े भारी मात्रा में शामिल हैं, तो इस से आपके पैरों में ज्यादा पसीना आ सकता है। अगर लंबे समय के लिए आपके पैर जूतों में रहते हैं तो ऐसी चीज़ों का परहेज करना ही आपके लिए अच्छा होगा।

9. फिटकरी
फिटकरी कसैली होती है और इसमें एंटी-सेप्टकि गुण भी पाया जाता है। यह बैक्टीरिया को बढऩे से रोकती है। एक चम्मच फिटकरी पाउडर को एक मग पानी में डालकर उससे पैर धोएं। कुछ दिनों में बदबू की समस्या दूर हो जाएगी।

10. रोड़ा नमक 
रोड़ा नमक भी पैरों की इस समस्या को दूर करने में बहुत कारगर है। यह पसीने से होने वाले संक्रमण और बैटीरिया को दूर करने में मददगार होता है। इसका इस्तेमाल भी फिटकरी की ही तरह किया जा सकता है।

गुरुवार, 29 दिसंबर 2016

बॉटल मसाज से तुरंत मिल जाएगा तलवों के दर्द से आराम

बॉटल मसाज से तुरंत मिल जाएगा तलवों के दर्द से आराम

  • तलवों के दर्द में पैरों को बॉटल मसाज दें और राहत पाएं।
  • बर्फ से जमी प्लास्टिक की बॉटल को तलवों के बीच में रखें।
  • तलवे में इंफेक्‍शन या घाव के दौरान बॉटल मसाज न करें। 

रोजाना की भागम-भाग, ऑफिस का तनाव और ट्रैफिक जाम की थकावट का सबसे ज्यादा असर पैरों पर पड़ता है, खासकर तलवों पर। ऐसे में पैरों के तलवों के दर्द के कारण कई बार पैर सूज जाते हैं और चलने में बिल्कुल भी असमर्थ होते हैं। लेकिन ऑफिस और ऑफिस का काम किसी के लिए नहीं रुकता। ऐसे में रोज-रोज डॉक्टर के पास भी नहीं जा सकते। इसे दूर करने के लिए आसान घरेलू उपाय अपनाएं और पैरों को बॉटल मसाज देकर दर्द दूर करें। पैरों के तलवों में दर्द, जलन व सूजन के लिए बॉटल मसाज काफी कारगर है। इस लेख में बॉटल मसाज और उससे जुड़ी सावधानियों के बारे में विस्तार से में पढ़ें।

क्यों होता है पैरों के तलवों में दर्द

बॉटल मसाज से पहले पैरों के तलवों के दर्द के बारे में जानना जरूरी है। पैरों के तलवों में दर्द प्लांटर फैस्कीटिस, फ्रैक्चर और स्ट्रेस फ्रैक्चर के कारण होता है। प्लान्टर फैस्कीटिस पैरों से संबंधित एक मुख्य ऑर्थोपेडिक समस्या है, जिसमें पैर के तलवे के टिश्यूज में सूजन आ जाती है। जो पैर के तलवे से लेकर घुटनों तक तेज दर्द का कारण बनता है। वहीं फ्रैक्चर, हड्डी टूटने के प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष चोट लगने के बाद होता है। इसी तरह अगर आप सशक्त स्ट्रेच जैसे रनिंग और जंपिंग करते हैं तो आप स्ट्रेस फ्रैक्चर की समस्या से जरूर वाकिफ होंगे जिसमें पैरों के तलवों में भयानक दर्द होता है। अगर तलवों के इस दर्द का ईलाज सही समय पर न हो तो समय के साथ बढ़ते जाता है। इसलिए इसे नजरअंदाज न करें और घर या ऑफिस में ही तलवों को बॉटल मसाज दें।

बॉटल मसाज

बॉटल मसाज के लिए एक प्लास्टिक की बोतल लें और उसको एक तिहाई पानी से भरकर फ्रीजर में रख दें। जब बॉटल में बर्फ जम जाए तो उसे टॉवल या सूखे कपड़े से लपेट लें। बॉटल मसाज के दौरान आप आऱाम से कुर्सी में बैठ जाएं। कुर्सी में बैठकर पैरों के तलवों के बीच बॉटल को रख, बॉटल को आगे-पीछे करें। इसे दस से बारह मिनट तक करें। पैरों के तलवों के दर्द में आराम मिलेगा। दिन में तीन से चार बार पैरों को बॉटल मसाज दें।  

सावधानियां

  • अगर पैरों में स्किन एलर्जी, इन्फेक्शन या घाव हो तो इस मसाज का उपयोग न करें।
  • इस मसाज के लिए पानी की हमेशा साफ-सुथरी बॉटल ही प्रयोग कीजिए।
  • कांच के बॉटल का उपयोग तो इस मसाज के लिए बिल्कुल न करें।
  • ध्यान रखें की मसाज के दौरान बॉटल का ढक्कन अच्छी तरह से बंद हो।
  • इस मसाज के तुरंत बाद नहाने से बचें।

शुक्रवार, 2 दिसंबर 2016

कई समस्याओं का समाधान जैतून का तेल, शेयर करें

कई समस्याओं का समाधान जैतून का तेल, शेयर करें


जैतून का तेल जिसे हम ऑलिव ऑयल भी कहते है। यह तेल हमारे शरीर को कई रोगों से राहत दिलवाता है। जैतून का तेल हमारी सुंदरता बढ़ाने के साथ-साथ हमें ओर भी कई समस्याओं जैसे बालों और त्वचा सम्बन्धी समस्याओं से राहत दिलवाता है। जैतून के तेल का प्रयोग खाना पकाने में, सौंदर्य सामग्री और दवाओं में तेल के रूप में प्रयोग किया जाता है। आइये जाने इसके फायदे।

1.जैतून के तेल से सिर पर मालिश करने से बाल मुलायम हो जाते है। बालों की समस्याओं से छुटकारा पाया जा सकता है।
2.जैतून के तेल से चेहरे पर मसाज करने से चेहरे में चमक और झुर्रियों से भी राहत मिलती है।
3.जैतून के तेल का प्रयोग हम शरीर पर मालिश करने के लिए भी करते है ,यें त्वचा को कोमल बनाएं रखने में मदद करता है।
4.जैतून के तेल का प्रयोग पैरों के लिए भी लाभकारी होता है,पैरों को कोमल बनाएं रखने में मदद करता है।
5.जैतून के तेल से आंखों के आसपास मसाज करने से आंखों के काले घेरों से छुटकारा मिलता है।
6.जैतून के तेल का प्रयोग भोजन में करने से हड्डियां मजबूत बनती है।
7.जैतून के तेल का सेवन करने से हृदय संबधी रोगों से निजात मिलती है।
8.जैतून के तेल का सेवन करने से कब्ज से राहत मिलती है।
9.जैतून के तेल और चीनी का प्रयोग करके हम चेहरे पर स्क्रब भी कर सकते है।
10.जैतून के तेल का प्रयोग हम फेसपैक में भी कर सकते है।
11.जैतून का तेल त्वचा के अंदर गहराई से जा कर त्वचा को पोषण प्रदान करता है।
12.जैतून के तेल का प्रयोग खाना पकाने में,सौंदर्य सामग्री और दवाओं में तेल के रूप में किया जाता है।

रविवार, 27 नवंबर 2016

नींबू को मोजों में रखने के फायदे, जरुर अपनाइए

नींबू को मोजों में रखने के फायदे, जरुर अपनाइए


नींबू गर्मियों में बहुत ही फायदेमंद होता है। सेहत के अलावा आप नींबू का इस्तेमाल पैरों  की देखभाल और पैरों से जुड़ी हुई समस्याओं से निजात पा सकते हो। अक्सर गर्मियों के आते ही पैर की एड़ियां फट जाती हैं और पैरों से बदबू भी आने लगती है। इसके अलावा पैरों की त्वचा भी खुरदरी हो जाती है। ऐसे में आप कई सारे उपाय अपनाते हैं लेकिन इससे आपको पूरा फायदा नहीं मिलता है। वैदिक वाटिका आपको बता रही है नींबू के घरेलू उपाय जिससे आप इस समस्या से आसानी से राहत पा सकते हैं।

नींबू को मोजों में रखने के फायदे :

सबसे पहले बताते हैं मोजे में नींबू को रखने के लाभ फिर कैसें करें नीबूं का इस्तेमाल मोजों में डालकर सबसे पहला फायदा है
  • पैरों के तलवे मुलायम रहते हैं और फटी हुई एड़ियां ठीक होती हैं।
  • पैरों से बदबू नहीं आती है।
  • पैरों का रंग साफ और गोरा बनता है।
  • पैरों का रूखापन दूर होता है।
  • पैरों में नमी बनी रहती है।

नींबू का प्रयोग करने का तरीका

नींबू को दो टुकड़ों में काट लें। और फिर इसे पूरे पैरों के तलवों पर अच्छे से घिस लीजिए। अब आप बचे हुए टुकड़े को एड़ियों के उपर रखकर इसे ढ़क लें। नींबू का आकर इतना हो कि इससे आपकी पूरी एड़ी ढ़क जाए।  इसके बाद आप जुराबे पहनें।

नींबू से पैर की एड़ियों को मोजों के अंदर कम से कम दो घंटे तक ही रखें। आपको कुछ दिनों तक थोड़ा अटपटा या अजीब सा लग सकता है लेकिन आपको इसके बेहतर परिणाम दिखने लगेगें।

नींबू कैसे करता है असर

नींबू के रस में कई तरह के तत्व होते हैं जो पैरों और एड़ियों की समस्या को अच्छी तरह से ठीक कर देते हैं। रूखी और फटी एड़ियां फिर से मुलायम और सुंदर बन जाती हैं।

नींबू के इस घरेलू उपाय को आप नियमित कुछ दिनों तक करते रहें। आपको बेहतर और स्वस्थ लाभ दिखने लगेगें।

शनिवार, 12 नवंबर 2016

मोज़े पहनकर सोने के फायदे यहाँ पढ़ें

मोज़े पहनकर सोने के फायदे यहाँ पढ़ें


अगर आप जूतों के साथ मोज़े पहनते हैं तो ये बहुत अच्छा है क्योंकि मोज़े पहनने से आपके पैर गंदगी से बचते हैं और साथ ही पसीने से भी. लेकिन क्या आपको पता है मोज़े आपके पैरों को सिर्फ गन्दगी से ही नहीं बचते वल्कि इनके और भी फायदे होते हैं और इन फायदों को लेने के लिए आपको अपने पैरों में मोज़े पहनकर सोना होगा तो चलिए आज हम आपको बता रहे हैं की कैसे आपको मोज़े पहनकर सोने से फायदा होता है और क्यों.

दोस्तों सुनने में थोड़ा आश्चर्य तो हो रहा होगा मोज़े पहनकर सोने के फायदे कैसे होते हैं. लेकिन ये भी सच है के अगर आप मोज़े पहनकर सोते हैं तो बहुत अच्छा है लेकिन इस तरह के लोग आपको लाखों में एक ही मिलेंगे कुल मिलकर लाख लोग में से एकाध ही मोज़े पहनकर सोता है. अगर आप भी मोज़े पहनकर सोते हैं तो इसका सीधा मतलब है आप अपने पैरों की बहुत देखरेख करते हैं 

मोज़े पहनकर सोने के पैर नहीं फटते

दोस्तों मोज़े पहनकर सोने का एक ये भी बढ़ा फायदा है अगर आपके पैर ज़्यादा फटते है तो आप कुछ दिन तक मोज़े पहनकर सोना शुरू कर दीजिये कुछ ही दिन में आपके पैर एकदम गोरे और सुन्दर दिखने लगेंगे ये वाकई में बहुत कमाल की चीज़ है. इसके अलावा आपने एक चीज़ और देखी होगी अगर नहीं देखी तो कल सुबह चेक ज़रूर करना जब आप सुबह उठते हैं तो आपके पैर बहुत ही ज़्यादा खुश्क (Dry) दिखते हैं और अगर आप मोज़े पहनकर सोएंगे तो आपके पैर भी इस समस्या से छुटकारा पा सकते हैं.

आपके पैर हमेशा गरम बने रहते हैं

आपने अक्सर देखा होगा खासतौर से ठण्ड के मौसम में आपके पैर कुछ ज़्यादा ही ठन्डे हो जाते हैं आपके शरीर के तापमान की अपेक्षा जब आप मोज़े पहनकर सोते हैं तो आपके पैर हमेशा गरम बने रहते हैं और कुछ लोगों को तो ये समस्या सभी मौसम में होती है ऐसे में आप मोज़े पहनकर सोएंगे तो इस समस्या से छुटकारा मिल जाता है.

पसीना बहुत कम आता है

दोस्तों अक्सर देखा है कुछ लोगों के पैरों में कुछ ज़्यादा ही पसीना आता है। इस तरह से पसीना आने की समस्या को हाइपरहाइड्रोसिस कहते हैं। अगर आपके पैरों में से भी अत्यधिक पसीना आने की समस्या है तो आप को भी मोजा पहनकर सोना फायदेमंद साबित हो सकता है.

इन्फेक्शन से आपको बचाता है

जब आप मोज़े पहनकर सोते हैं तो आपका पैर गंदगी और बैक्टीरिया से पूरी तरह से फ्री रहता है। साथ ही इससे आपके पैर किसी भी तरह से संक्रमण से संक्रमित होने से बच जाते हैं और आप अधिक सुरक्षित रहते हैं।

पैर में दर्द की समस्याएं होती हैं दूर

हमारे पैर शरीर का वह हिस्सा है जिस पर हमारे शरीर का पूरा वजन रहता है और इसके कारण हमारे पैरों में कई बार दर्द हो जाता है ऐसे में आपके पैरों की इन समस्याओं से मोजे पहनकर सोना आपको इस समस्या  से हैं. और वैसे भी आप कूद आज रातमोज़े पहनकर एक बार सोकर देखना आपको कुछ अलग सा ही महसूस होता है।