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बुधवार, 27 सितंबर 2017

क्या आपके भी सिर में दर्द रहता है, जानिये ब्रेन ट्यूमर के लक्षण, कारण और उपचार

क्या आपके भी सिर में दर्द रहता है, जानिये ब्रेन ट्यूमर के लक्षण, कारण और उपचार


ब्रेन ट्यूमर दिमाग में होने वाली एक तरह की गांठ है। जिसे ब्रेन ट्यूमर, मस्तिष्क गिल्टी या ब्रेन कैंसर कहा जाता है। बे्रन कोशिकाएं संक्रमित होकर विषाक्त रूप में गांठ बनकर धीरे-धीरे आकार विकृत असामान्य वृद्धि होती रहती है। ट्यूमर लक्षण महसूस होने पर Medical Diagnosis अवश्य करवायें। ब्रेन ट्यूमर कोई भयानक समस्या नहीं। परन्तु आरम्भ में ट्यूमर लक्षण दिखने पर तुरन्त उपचार करवाना जरूरी है।

ब्रेन ट्यूमर की जांच / Brain Tumor Check Up

ट्यूमर लक्षण महसूस होने पर न्यूरोलाॅजिक से ब्रेन ट्यूमर की सही स्थिति का पता आसानी से चल जाता है। जाचं द्वारा व्यक्ति मस्तिष्क में कोशिकाओं नसों के हलचल गांठ बनने की स्थिति आकार पता चल जाता है। जिससे शुरूआती ट्यूमर इलाज आसान हो जाता है।

पहली: शुरूआती ब्रेन ट्यूमर सामान्य आकार में होता है। जिसमें व्यक्ति आसानी से ब्रेन में होने वाली हलचल लक्षण से ट्यमर का पता चल जाता है। शुरूआती ब्रेन ट्यूमर को बिना सर्जरी के लेजर टेक्नोजी से ठीक किया जा सकता है। इस विधि का उपयोग ट्यूमर घटाने और ट्यूमर जड़ से नष्ट करने के लिए किया जाता है।

दूसरी: मध्य ट्यूमर काफी तीब्र पीड़ादायक होता है। व्यक्ति कुछ समय अंतराल में ही असाय महसूस करता है। जिसे रेडिएशन थेरेपी से रिमूव किया जा सकता है। X-Rays, Gamma Rays विधि से कैंसर सेल्स को नष्ट किया जाता है। जो कि आम भाषा में Radiation Waves विधि हैं।
तीसरी: जब ट्यूमर आकार में बड़ा एक फोड़ा गांठ कैंसर रूप ले लेता है। जिससे सिर विकृत हो जाता है। ट्यूमर विकराल रूप बाहर की तरफ दिखने लगता है। यह ब्रेन ट्यूमर मरीज के लिए नाजुक स्थिति होती है। इस स्थिति में सर्जरी, रेडिएशन थेरेपी, कीमोथैरेपी से ही रिमूव किया जा सकता है। यह प्रक्रिया तीन चरणों महीनों के अन्तराल में ट्यूमर की स्थिति संक्रमण को देखकर किया जाता है।

ब्रेन ट्यूमर के लक्षण / Brain Tumor Symptoms

  • सिरदर्द रहना
  • रात को सरदर्द तीब्र होना
  • सिर के एक हिस्से में तीब्र दर्द होना
  • झुकने और लेटने पर मस्तिष्क में तीब्र पीड़ा
  • बोलने और शब्द सुनने समझने में परेशानी
  • याददाश्त कमजोर होना
  • आंखों से आंसू आना
  • आंखों में सूजन
  • चिड़चिड़ापन होना
  • गले में जकड़न
  • जी मचलना
  • लगातार नींद आना
  • डर भय महसूस होना
  • चेहरे का एक हिस्सा कमजोर लगना

ब्रेन ट्यूमर के कारण / Causes of Brain Tumor

  • सिर पर अन्दुरूनी चोट
  • दूषित वायु और दूषित पानी
  • तीब्र दुर्गंध गैस
  • दिमागी बुखार देर तक रहना
  • मस्तिष्क संक्रमित
  • साइनस संक्रामण
ब्रेन ट्यूमर लक्षण महसूस होने पर तुरन्त जांच करवायें। समय पर मस्तिष्क जांच उपचार ब्रेन ट्यूमर को विकराल स्थिति से आसानी से बचा जा सकता है। 

ब्रेन ट्यूमर उपचार / Brain Tumor Treatment Options
Brain Tumor Treatment / ब्रेन ट्यूमर उपचार सर्जरी, रेडिएशन थेरेपी और कीमोथेरेपी के माध्यम से सफल तरीके से रिमूव किया जा सकता है। अलग-अलग उपचार ट्यूमर की स्थिति, कैंसर संक्रमण, ब्रेन कोशिकाओं ट्यूमर मेलिगेन्ट, बिनाइन स्थिति आकार प्रकार जांच के बाद द्वारा परखकर किया जाता है। कई बार ट्यूमर ब्रेन के साथ अन्य शरीर अंगों में भी हो ट्यूमर कोशिकाऐं सक्रीय होती हैं।

ट्यूमर सर्जरी / Tumor Surgery
ग्रेड-1 स्थिति में ट्यूमर को सर्जरी से निकाला जा सकता है। ट्यूमर सिर विकृत आकार को सर्जरी माध्यम से कम किया जाता है। अकसर कई बार ट्यूमर सही तरह से रिमूव नहीं होता। सर्जरी से केवल ट्यूमर आकार छोटा हो पाता है। ट्यूमर सर्जरी 2-3 चरणों में की जाती है।

ट्यूमर रेडिएशन थेरेपी / Tumor Radiation Therapy
अकसर ट्यूमर विकृत विकराल होने पर सर्जरी माध्यम से पूर्ण रूप से रिमूव करना असम्भव हो जाता है। कई संक्रमित ट्यूमर कोशिकाऐं अंश सर्जरी से रह जाते हैं। ऐसी स्थिति में रेडिएशन थैरेपी सफल इलाज है। रेडिएशन थेरेपी का उपयोग अधिकत्तर ब्रेन ट्यमर कैंसर, लीवर ट्यूमर, ब्रेस्ट कैंसर ट्यूमर घटाने और ट्यूमर रिमूव करने के लिए किया जाता है। जिसमें लेजर रेडिएशन, गामा रेज से उपचार किया जाता है।

ट्यूमर कीमोथेरेपी / Chemotherapy
Tumor Cancer / ट्यूमर कैंसर रूप बनने पर कीमोथेरेपी माध्यम से इन्ट्रावेन्स, इन्फ्यूजन विधि द्वारा ट्यूमर कैंसर सेल नष्ट करने के लिए किया जाता है। इस प्रक्रिया में कीमोथेरेपी कैंसर रोधी दवाईयां मुंह के माध्यम से दी जाती है। यह नाजुक स्थिति होती है। अकसर ट्यूमर अधिक समय तक रहने पर विकृत होकर कैंसर रूप ले लेता है।

शुक्रवार, 7 अप्रैल 2017

जानिए मोबाइल रेडिएशन के हानिकारक प्रभाव

जानिए मोबाइल रेडिएशन के हानिकारक प्रभाव


मोबाइल को प्रयोग करने वाले लोगो की संख्या तेजी से बढ़ती जा रही है |लेकिन क्या आप जानते है की या कितना खतरनाक साबित हो सकता है |मोबाइल फ़ोन के नेटवर्क की गति का low एंड high होना मोबाइल रेडिएशन के लेवल को बढ़ाता है |जो की दिमाग और दिल के लिए बहुत ही खतरनाक माना जाता है |जी हाँ को अपने पास तब तक रखें जब तक आप कॉल पर बात कर रहें हों इसके बाद मोबाइल फ़ोन को अपने शरीर से दूर किसी टेबल पर रख दें |

मोबाइल रेडिएशन से होने वाले खतरे


  • मोबाइल रेडिएशन के सम्पर्क में अधिक समय तक रहने से ब्रेन ट्यूमर के खतरे सबसे अधिक होते है |
  • ज्यादा देर तक मोबाइल फ़ोन से बात-चीत करने से कण में हो सकता है कैंसर |
  • कभी-कभी जब आप मोबाइल फ़ोन से अधिक देर तक बात बात करते है तो मोबाइल गर्म हो जाता है |
  • इससे आपका कान भी गर्म हो जाता है ,लेकिन आपको अनुभव नही हो पता है |
  • यह सिर्फ मोबाइल के खतरनाक रेडिएशन के कारण होता है |
  • फ़ोन को अपने शर्ट के आगे वाले जेब में न रखें ,ऐसा करने से दिल की बीमारिया बढ़ने के खतरे अधिक होते है |
  • फ़ोन को पैंट की जेब में न रखें  |
  • सेल फ़ोन डाटा ऑन होने की स्थिति में ,कॉल पर बात-चीत के दौरान ,और नेटवर्क का लगातार आने-जाने से  मोबाइल रेडिएशन सबसे अधिक होता है |

कैसे बचें मोबाइल रेडिएशन से- 


  • मोबाइल के खतरनाक रेडिएशन से बचने के लिए इन बातों को हमेशा ध्यान में रखें |
  • फ़ोन पर बात-चीत के दौरान हैडफ़ोन का इस्तेमाल करें | या फ़ोन का स्पीकर ऑन कर के बात कीजिये |
  • इस दौरान फ़ोन को हाथ में न पकडे ,किसी टेबल पर रख दें या शरीर से दूर होनी चाहिए |
  • सेल फ़ोन पर 24 घंटे में आधे घण्टे से अधिक बातचीत न करें |
  • फोन को अपने शरीर से दूर रखें ,जैसे -टेबल पर ,अपने कपड़ो की जेब में नही रखें|
  • गर्भवती स्त्री को फ़ोन अपने पेट के पास नही रखना चाहिए ,रेडिएशन से बच्चा प्रभावित होता है |
  • छोटे बच्चो को फ़ोन से दूर रखें |
  • बात-चीत करते समय मोबाइल फ़ोन को अपने कान से कम से कम 1 इंच की दूरी पर रखें |
  • तकिये के नीचे सेल फ़ोन न रखकर सोये |
  • किसी भी तरीके को अपनाकर फ़ोन को शरीर से दूर रखकर मोबाइल के हानिकारक रेडिएशन से बचा जा सकता है |

शुक्रवार, 16 सितंबर 2016

ब्रेन ट्यूमर है खतरनाक, पहले ही दिखने लगते हैं इसके लक्षण

ब्रेन ट्यूमर है खतरनाक, पहले ही दिखने लगते हैं इसके लक्षण

  •     ब्रेन ट्यूमर होने के लक्षण।
  •     पहले दिखने लगते हैं लक्षण।
  •     पता चलने पर तुरंत कराएं इलाज।
  •     ब्रेन ट्यूमर हो सकता है खतरनाक।

सिर दर्द की समस्‍या कभी न कभी हर किसी को होती है। ऐसे में आप दर्द से छुटकारा पाने के लिए पेन किलर या सिर दर्द की दवा का सहारा लेते हैं। लेकिन क्‍या कभी आपने सोचा कि बार-बार होने वाला सिर दर्द किसी गंभीर बीमारी का संकेत दे रहा है। इस दर्द के साथ कई ऐसी शारीरिक समस्‍याएं सामने आती हैं जो आपको ब्रेन ट्यूमर होने के लक्षण बताती हैं। इस बात को नजरअंदाज करना आपकी सेहत के लिए खतरनाक साबित हो सकता है। दरअसल, पीयूष ग्रंथि कई तरह के रासायनिक तत्‍व उत्‍पन्‍न करती है। ग्रंथि में ट्यूमर होने पर कई तरह की समस्‍याएं होने लगती हैं। कुछ ऐसे लक्षण हैं जिनसे आप खुद जान सकते हैं कि आपको ब्रेन ट्यूमर है या नही?
ब्रेन ट्यूमर के लक्षण
  1. आंखों से धुंधला दिखाई देने लगे और अचानक चश्‍मे का नंबर बढ़ जाए। किसी चीज को पहचानने में समस्‍या आने लगे। ब्रेन ट्यूमर होने पर अक्‍सर एक आंख में परेशानी होती है।
  2. गले में अकड़न होना। बोलने और किसी बात को दोहराने में परेशानी हो रही हो, इसके अलावा अचानक स्‍वभाव में बदलाव आ जाना भी ब्रेन ट्यूमर के संकेत हैं।
  3. अगर आपके शरीर का बैलेंस बिगड़ गया हो, जैसे जब आप चलते समय अचानक लड़खड़ाने लगें, थोड़ा सा काम करने में ही आपको कमजोरी महसूस होने लगे तो ये भी ब्रेन ट्यूमर के लक्षण हैं।
  4. ब्रेन ट्यूमर होने की स्थिति में आपकी याददाश्‍त कमजोर होने लगती है और आपका ध्‍यान भटकने लगता है। किसी एक जगह या काम में ध्यान केंद्रित नही हो पाता है।
  5. हमेशा सिर में दर्द रहना, खासकर सुबह जब आप सोकर उठते हैं तो अगर उस समय सिर में दर्द हो रहा हो और जी मचला रहा हो तो यह ब्रेन ट्यूमर के संकेत हैं।
  6. ब्रेन ट्यूमर होने की स्थिति में शरीर पर से दिमाग का कंट्रोल हटने लगता है, जिससे शरीर में अचानक किसी भी तरह की संवेदना महसूस न होना भी ट्यूमर हो सकता है।
  7. मांसपेशियों में ऐंठन महसूस होना, जैसे हाथों-पैरों का फड़कना या फिर पूरे शरीर का फड़कना या फिर अचानक से बेहोशी आने लगे तो ये ब्रेन ट्यूमर के ही संकेत हैं।
  8. अगर आप इन सभी लक्षणों से ग्रसित हैं तो आप बिना देर किए डॉक्टर की सलाह लें, जिससे समय पर इसका इलाज हो सके।